पैरेंटिंग किसी टफ एग्जाम से कम नहीं होता। बच्चों की परवरिश के दौरान माता-पिता कई गलतियां करते हैं और उनसे सीखते हैं। बच्चे बेहद कोमल मन के होते हैं, वह जो देखते-सुनते हैं वही करते हैं। ऐसे में आजकल के पेरेंट्स को बच्चों के आगे कई चीजें सोच समझकर करनी चाहिए। साथ ही पेरेंट्स के बीच बच्चों की परवरिश को लेकर अच्छा तालमेल होना चाहिए। कुछ पेरेंटिंग एग्रीमेंट पेरेंट्स को जरूर कर लेने चाहिए। इससे बच्चों की परवरिश आसान और बेहतर हो सकती है।
पहला रूल
जब भी आप दोनों बच्चे के साथ हों, तो कम से कम कोई एक बच्चे के साथ पूरी तरह से एंजेज होगा। मां काम कर रही हैं, तो पिता को बच्चे की संभालने की पूरी जिम्मेदारी निभानी चाहिए। इससे बच्चे पर अच्छा असर होता है।
दूसरा रूल
बच्चे के सामने एक दूसरे को लेकर निगेटिव बातें नहीं करनी है और न ही अपने परिवार वालों के खिलाफ बोलना है। इससे बच्चे पर बुरा असर होता है और बच्चे भी किसी से कुछ बोल सकते हैं।
तीसरा रूल
बच्चों के साथ ही डिनर करने का नियम बनाएं। इस दौरान बच्चों को बोलने का मौका दें। दिनभर क्या किया और लाइफ में क्या हो रहा। इससे आप उन्हें और अच्छे से जान सकेंगे। इस तरह से बच्चों के अंदर बोलने का कॉन्फिडेंस आता है और पेरेंट्स से वो हर बात शेयर करते हैं।
चौथा रूल
अगर बच्चे को मां ने किसी बात पर डांट दिया है, तो पिता को उनकी बात काटनी नहीं है। ऐसे बच्चे को समझ आयेगा कि माता-पिता एक ही टीम है। उनकी सोच सेम है और किसी की शिकायत नहीं करनी है।
पांचवां रूल
पापा बच्चों की फरमाइश पूरी करने के लिए अपना बजट नहीं देखते हैं लेकिन मां को इसे कंट्रोल में रखना चाहिए। अगर हर जिद पूरी होगी, तो बच्चा जिद्दी होगा।
छठा रूल
संडे का दिन बच्चे के लिए स्पेशल जरूर बनाएं। बच्चे के साथ कही बाहर जाएं या फिर कोई एक्टिविटी साथ में करें। इससे बच्चा खुश होता है और पेरेंट्स के साथ बॉन्डिंग बढ़ती है।








